मनोरंजन

ठेठ भोजपुरी में Lata Mangeshkar ने गाया था ये 'चुलबुला' गाना, 63 साल से दिलों पर राज कर रहा है गीत

Lata Mangeshkar ने हिंदी के अलावा कई भारतीय भाषाओं में अपनी आवाज का जादू बिखेरा। भोजपुरी सिनेमा के शुरुआती दौर में भी उनकी आवाज सुनाई दी। साल 1963 की फिल्म ‘गंगा मैया तोहे पियरी चढ़इबो’ के गीतों ने भोजपुरी संगीत को नई पहचान दी। खास बात यह है कि इस फिल्म से जुड़े गीतों के लिए Lata Mangeshkar को तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद के अनुरोध पर भोजपुरी में गाने के लिए तैयार किया गया था।

Share
ठेठ भोजपुरी में Lata Mangeshkar ने गाया था ये 'चुलबुला' गाना, 63 साल से दिलों पर राज कर रहा है गीत

नई दिल्ली: Lata Mangeshkar की आवाज का जादू सिर्फ हिंदी फिल्मों तक सीमित नहीं था। उन्होंने कई भारतीय भाषाओं में गाने गाए और अपनी सुरीली आवाज से करोड़ों लोगों के दिलों में जगह बनाई। भोजपुरी सिनेमा के इतिहास में भी उनका नाम बेहद खास अंदाज में दर्ज है।

साल 1963 में आई फिल्म ‘गंगा मैया तोहे पियरी चढ़इबो’ को भोजपुरी सिनेमा की पहली फिल्म के तौर पर व्यापक रूप से याद किया जाता है। इसी फिल्म के गीतों में Lata Mangeshkar की आवाज सुनाई दी थी। फिल्म का टाइटल गीत भी उनके और उनकी बहन Usha Mangeshkar की आवाज में रिकॉर्ड किया गया था।

राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद से जुड़ा है दिलचस्प किस्सा

Lata Mangeshkar के भोजपुरी गीत गाने के पीछे एक दिलचस्प कहानी बताई जाती है। उस समय देश के पहले राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद का बिहार और भोजपुरी संस्कृति से गहरा जुड़ाव था।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, भोजपुरी में फिल्म बनाने की चर्चा के दौरान उनकी मुलाकात अभिनेता और लेखक Nazir Hussain से हुई। राजेंद्र प्रसाद ने भोजपुरी भाषा और संस्कृति पर फिल्म बनाने की इच्छा जताई। आगे चलकर ‘गंगा मैया तोहे पियरी चढ़इबो’ के निर्माण का रास्ता तैयार हुआ।

फिल्म के गीतों के लिए Lata Mangeshkar की आवाज लेने की इच्छा थी। लेकिन उस दौर में Lata Mangeshkar का नाम इतना बड़ा था कि उनसे सीधे अनुरोध करने में हिचकिचाहट थी। ऐसे में डॉ. राजेंद्र प्रसाद से उनसे बात करने का अनुरोध किया गया।

बताया जाता है कि राष्ट्रपति के अनुरोध के बाद Lata Mangeshkar भोजपुरी गीत गाने के लिए तैयार हो गईं।

‘गंगा मैया तोहे पियरी चढ़इबो’ बना ऐतिहासिक गीत

फिल्म का टाइटल गीत ‘गंगा मैया तोहे पियरी चढ़इबो’ भोजपुरी सिनेमा के शुरुआती और सबसे यादगार गीतों में गिना जाता है। Lata Mangeshkar के साथ Usha Mangeshkar की आवाज ने इसे खास पहचान दी।

फिल्म के संगीत की जिम्मेदारी Chitragupta ने संभाली थी, जबकि गीतकार के तौर पर Shailendra का नाम जुड़ा था। फिल्म में Lata Mangeshkar और Mohammed Rafi समेत कई प्रमुख गायकों की आवाज सुनाई दी।

ठेठ भोजपुरी में Lata की आवाज ने जीता दिल

हिंदी सिनेमा की सबसे लोकप्रिय गायिकाओं में शामिल Lata Mangeshkar के लिए भोजपुरी में गाना अपने आप में खास बात थी। उनकी आवाज में भोजपुरी के शब्दों और लोकभावना का मेल दर्शकों को पसंद आया।

उनकी आवाज ने फिल्म के गीतों को सिर्फ भोजपुरी दर्शकों तक सीमित नहीं रखा, बल्कि इन गानों को व्यापक पहचान दिलाने में भी भूमिका निभाई। यही वजह है कि छह दशक से ज्यादा समय बीतने के बाद भी इस दौर के गीतों को भोजपुरी संगीत के इतिहास में याद किया जाता है।

सिर्फ एक गीत नहीं, भोजपुरी सिनेमा की शुरुआत का हिस्सा

‘गंगा मैया तोहे पियरी चढ़इबो’ सिर्फ एक फिल्म नहीं थी, बल्कि भोजपुरी सिनेमा के लिए एक ऐतिहासिक शुरुआत थी। फिल्म में Kumkum, Ashim Kumar और Nazir Hussain प्रमुख भूमिकाओं में थे। फिल्म का निर्देशन Kundan Kumar ने किया था।

फिल्म की सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अलग-अलग शहरों में इसने लंबा प्रदर्शन किया। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक, वाराणसी और पटना में फिल्म ने गोल्डन जुबली और कोलकाता में सिल्वर जुबली मनाई थी।

Lata Mangeshkar का भोजपुरी संगीत में योगदान

Lata Mangeshkar की पहचान भले ही मुख्य रूप से हिंदी फिल्म संगीत से बनी, लेकिन उन्होंने भारतीय भाषाओं की विविधता को अपनी आवाज के जरिए अपनाया। भोजपुरी में उनका शुरुआती योगदान उस दौर में आया जब क्षेत्रीय सिनेमा अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रहा था।

आज जब भोजपुरी संगीत और सिनेमा का बाजार काफी बड़ा हो चुका है, तब छह दशक से अधिक पुराना यह अध्याय याद दिलाता है कि इस इंडस्ट्री की शुरुआत कितनी मजबूत सांस्कृतिक विरासत के साथ हुई थी।

63 साल बाद भी क्यों खास है यह गीत?

इस गीत की खासियत सिर्फ इसकी उम्र नहीं है। इसकी अहमियत इसलिए भी है क्योंकि यह भोजपुरी सिनेमा के शुरुआती इतिहास और Lata Mangeshkar जैसी महान गायिका के करियर के एक अनोखे अध्याय को जोड़ता है।

एक तरफ भोजपुरी भाषा और संस्कृति की जड़ें हैं, तो दूसरी तरफ Lata की ऐसी आवाज, जिसने भारतीय संगीत को कई पीढ़ियों तक प्रभावित किया। यही मेल इस गीत को आज भी खास बनाता है।

Enjoyed this story? Share it.

Share

Keep reading

More in मनोरंजन

सभी देखें
गुजराती संस्कृति का रंग, गरबा-डांडिया की जान... कविता कृष्णमूर्ति और भजन गायक ने 27 साल पहले गाया था कल्ट गीत
New

मनोरंजन

गुजराती संस्कृति का रंग, गरबा-डांडिया की जान... कविता कृष्णमूर्ति और भजन गायक ने 27 साल पहले गाया था कल्ट गीत

नवरात्रि आते ही जिस गाने की धुन पर गरबा और डांडिया की रातें जगमगा उठती हैं, वह है ‘ढोली तारो ढोल बाजे’। 1999 में रिलीज हुई संजय लीला भंसाली…

3 min read
'मौन व्रत' के बाद Lata Mangeshkar ने गाया था 'कहीं दीप जले कहीं दिल', 64 साल से अमर है गीत
New

मनोरंजन

'मौन व्रत' के बाद Lata Mangeshkar ने गाया था 'कहीं दीप जले कहीं दिल', 64 साल से अमर है गीत

लता मंगेशकर की आवाज से निकला 'कहीं दीप जले कहीं दिल' आज भी हिंदी सिनेमा के सबसे यादगार गीतों में गिना जाता है। 1962 में फिल्म 'बीस साल बाद'…

3 min read
The Vvaan में सुनाई दी शारदा सिन्हा की आवाज, 10 साल पुराने छठ गीत ने किया सबको इमोशनल; लोग बोले- आंसू आ गए...
New

मनोरंजन

The Vvaan में सुनाई दी शारदा सिन्हा की आवाज, 10 साल पुराने छठ गीत ने किया सबको इमोशनल; लोग बोले- आंसू आ गए...

सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया की फिल्म The Vvaan में दिवंगत लोकगायिका शारदा सिन्हा की आवाज सुनाई दी है। फिल्म के छठ पूजा वाले हिस्से…

3 min read
गली-मोहल्लों में खूब सुनाई देता था Mohammed Rafi का ये कल्ट गाना, आशा भोसले संग मिलकर छेड़े थे सुर

मनोरंजन

गली-मोहल्लों में खूब सुनाई देता था Mohammed Rafi का ये कल्ट गाना, आशा भोसले संग मिलकर छेड़े थे सुर

मोहम्मद रफी और आशा भोसले की आवाज में 1963 की फिल्म मेरे अरमान मेरे सपने का गाना ‘है बड़ी जोर की धूप’ अपने दौर के यादगार गीतों में शामिल रहा।…

3 min read
25 हफ्तों तक सिनेमाघरों में तहलका मचाती रही फिल्म, फिर भी हीरो को नहीं मिला कोई ऑफर; 6 महीने बेरोजगार रहे थे रोनित रॉय

मनोरंजन

25 हफ्तों तक सिनेमाघरों में तहलका मचाती रही फिल्म, फिर भी हीरो को नहीं मिला कोई ऑफर; 6 महीने बेरोजगार रहे थे रोनित रॉय

आज टीवी और फिल्मों के जाने-माने अभिनेता रोनित रॉय ने अपने करियर की शुरुआत 1992 की फिल्म जान तेरे नाम से की थी। फिल्म सिल्वर जुबली हिट रही और…

4 min read
देसी बीट्स पर 'डायन भाभी' ने मचाई तबाही, Yami Gautam ने डांस से किया सबको फेल; नई नवेली का पहला गाना आउट

मनोरंजन

देसी बीट्स पर 'डायन भाभी' ने मचाई तबाही, Yami Gautam ने डांस से किया सबको फेल; नई नवेली का पहला गाना आउट

यामी गौतम की अपकमिंग फिल्म ‘नई नवेली’ का पहला गाना ‘भाभी तबाही’ रिलीज हो गया है। देसी बीट्स, भांगड़ा, रैप, क्लासिकल और हिप-हॉप के फ्यूजन से…

3 min read