कौन हैं अनिमा आनंदकुमार? TIME की AI 100 सबसे प्रभावशाली लोगों की लिस्ट में शामिल हुईं भारतीय वैज्ञानिक
भारतीय मूल की वैज्ञानिक और Caltech की प्रोफेसर अनिमा आनंदकुमार को TIME ने 2026 की TIME100 AI सूची में शामिल किया है। वैज्ञानिकों के लिए AI के इस्तेमाल पर उनके शोध ने मौसम पूर्वानुमान, वैज्ञानिक सिमुलेशन, इंजीनियरिंग और दवा खोज जैसे क्षेत्रों में नई संभावनाएं खोली हैं। TIME के मुताबिक, उनके AI आधारित तरीके कुछ भौतिक प्रक्रियाओं के मॉडल को पारंपरिक तकनीकों की तुलना में 10 लाख गुना से भी अधिक तेज बना सकते हैं।
लेखक
Vinay Mishra
नई दिल्ली: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में भारत का नाम एक बार फिर वैश्विक स्तर पर चमका है। भारतीय मूल की वैज्ञानिक अनिमा आनंदकुमार को TIME की 2026 की 100 Most Influential People in AI यानी TIME100 AI सूची में जगह मिली है। यह सम्मान ऐसे समय में आया है जब AI का इस्तेमाल सिर्फ चैटबॉट और भाषा मॉडल तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि मौसम, स्वास्थ्य, इंजीनियरिंग और वैज्ञानिक अनुसंधान जैसे क्षेत्रों में भी तेजी से हो रहा है।
TIME ने आनंदकुमार को उनकी उस रिसर्च के लिए पहचान दी है, जिसने AI और भौतिक विज्ञान के बीच एक नया पुल बनाने में मदद की है। वह अमेरिका के California Institute of Technology यानी Caltech में Bren Professor of Computing and Mathematical Sciences हैं।
कौन हैं अनिमा आनंदकुमार?
अनिमा आनंदकुमार का जन्म मैसूर, कर्नाटक में हुआ था। उन्होंने अपनी शुरुआती उच्च शिक्षा भारत में हासिल की और IIT मद्रास से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने अमेरिका की Cornell University से मास्टर और पीएचडी की डिग्री हासिल की। बाद में उन्होंने MIT में पोस्टडॉक्टरल रिसर्च भी की।
उनका करियर अकादमिक जगत के साथ-साथ टेक्नोलॉजी इंडस्ट्री में भी रहा है। वह Amazon Web Services में प्रिंसिपल साइंटिस्ट और NVIDIA में मशीन लर्निंग रिसर्च की वरिष्ठ अधिकारी रह चुकी हैं। फिलहाल वह Caltech में प्रोफेसर हैं।
AI से मौसम की भविष्यवाणी में क्रांति
आनंदकुमार के काम की सबसे खास उपलब्धियों में से एक AI की मदद से मौसम और भौतिक घटनाओं की भविष्यवाणी करना है।
उनकी रिसर्च ने ऐसे AI मॉडल विकसित करने में मदद की है जो जटिल वैज्ञानिक प्रक्रियाओं को पारंपरिक कंप्यूटिंग तरीकों की तुलना में बेहद तेजी से मॉडल कर सकते हैं। TIME के अनुसार, कुछ मामलों में उनकी तकनीक पारंपरिक तरीकों से 10 लाख गुना से अधिक तेज हो सकती है।
इसका मतलब यह है कि भविष्य में अत्यधिक बारिश, तूफान या अन्य चरम मौसम घटनाओं की भविष्यवाणी के लिए भारी कंप्यूटिंग संसाधनों पर निर्भरता कम की जा सकती है और परिणाम काफी तेजी से हासिल किए जा सकते हैं।
क्या है Neural Operator?
अनिमा आनंदकुमार के शोध का एक महत्वपूर्ण हिस्सा Neural Operators से जुड़ा है। यह AI तकनीक मशीन लर्निंग को भौतिक दुनिया की जटिल प्रक्रियाओं को समझने और मॉडल करने में सक्षम बनाती है।
सामान्य AI मॉडल अक्सर डेटा में पैटर्न पहचानने के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं, लेकिन Neural Operators का उद्देश्य भौतिक प्रक्रियाओं के नियमों और उनके बदलावों को मॉडल करना है। इसी वजह से इसका इस्तेमाल मौसम पूर्वानुमान, वैज्ञानिक सिमुलेशन और इंजीनियरिंग डिजाइन जैसे क्षेत्रों में किया जा सकता है।
मौसम से लेकर दवा खोज तक इस्तेमाल
आनंदकुमार की रिसर्च का दायरा सिर्फ मौसम विज्ञान तक सीमित नहीं है। उनके AI आधारित तरीकों का इस्तेमाल दवा खोज, वैज्ञानिक सिमुलेशन, इंजीनियरिंग डिजाइन और सेमीकंडक्टर तकनीक जैसे क्षेत्रों में भी संभावित रूप से किया जा रहा है।
उनके काम का लक्ष्य AI को सिर्फ इंसानी भाषा समझने वाली तकनीक बनाने के बजाय भौतिक दुनिया को समझने और उसकी भविष्यवाणी करने वाला टूल बनाना है।
NVIDIA में भी किया अहम काम
Caltech में प्रोफेसर बनने से पहले आनंदकुमार ने NVIDIA में मशीन लर्निंग रिसर्च को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई। वहां उन्होंने AI की मदद से वैज्ञानिक और भौतिक समस्याओं को हल करने की संभावनाओं पर काम किया।
मौसम की भविष्यवाणी में AI के इस्तेमाल को लेकर उनका काम खास तौर पर चर्चा में आया। इसी क्षेत्र में AI की क्षमता ने टेक इंडस्ट्री और वैज्ञानिक समुदाय का ध्यान आकर्षित किया।
हाल ही में शुरू की अपनी AI कंपनी
अनिमा आनंदकुमार ने 2026 में Benedikt Jenik के साथ मिलकर Accelerated Understanding Inc. नाम की AI कंपनी शुरू की है। कंपनी का फोकस ऐसे AI मॉडल विकसित करने पर है जो भौतिक दुनिया की जटिल घटनाओं को समझ और भविष्यवाणी कर सकें।
Reuters के मुताबिक, उनकी नई तकनीक एक ही प्रॉम्प्ट में 5 ट्रिलियन डेटा पॉइंट्स तक प्रोसेस करने की क्षमता पर केंद्रित है। इसका इस्तेमाल चिप डिजाइन, रोबोटिक्स, मौसम पूर्वानुमान और ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में किया जा सकता है।
Jeff Bezos के प्रोजेक्ट का ऑफर भी ठुकराया
आनंदकुमार और उनके सहयोगी को Amazon के संस्थापक Jeff Bezos समर्थित Project Prometheus का नेतृत्व करने का प्रस्ताव भी मिला था। Reuters की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रस्ताव में बड़ी हिस्सेदारी, वेतन और अरबों डॉलर की फंडिंग शामिल थी, लेकिन दोनों ने अपना स्वतंत्र रास्ता चुनने का फैसला किया।
यह फैसला बताता है कि आनंदकुमार अपने रिसर्च विजन को लेकर कितनी स्पष्ट हैं—वह AI को सिर्फ व्यावसायिक उत्पाद नहीं, बल्कि वैज्ञानिक खोज को तेज करने वाली तकनीक के रूप में देखती हैं।
TIME की AI 100 सूची में क्यों मिली जगह?
TIME की TIME100 AI सूची उन लोगों को पहचानती है जो AI के विकास और उसके भविष्य की दिशा पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल रहे हैं। 2026 की सूची में टेक कंपनियों के प्रमुखों के साथ वैज्ञानिक, शोधकर्ता, नीति विशेषज्ञ और AI के सामाजिक प्रभाव पर काम करने वाले लोग भी शामिल हैं।
अनिमा आनंदकुमार की खासियत यह है कि उनका काम AI को भौतिक विज्ञान और वैज्ञानिक खोज से जोड़ता है। यही वजह है कि उनका नाम AI की दुनिया के सबसे प्रभावशाली लोगों की इस वैश्विक सूची में शामिल किया गया है।
भारतीय वैज्ञानिकों के लिए बड़ी उपलब्धि
TIME100 AI 2026 में आनंदकुमार के अलावा कई भारतीय और भारतीय मूल के लोगों को भी जगह मिली है। सूची में IBM CEO अरविंद कृष्णा और AI क्षेत्र से जुड़े अन्य भारतीय मूल के विशेषज्ञों के नाम भी शामिल हैं।
अनिमा आनंदकुमार की उपलब्धि खास इसलिए है क्योंकि उन्होंने AI को सिर्फ टेक्नोलॉजी की दुनिया तक सीमित नहीं रखा, बल्कि मौसम, विज्ञान और भौतिक दुनिया की जटिल समस्याओं को हल करने का माध्यम बनाया।
आज जब दुनिया AI के अगले दौर की ओर बढ़ रही है, आनंदकुमार का काम इस सवाल का जवाब तलाश रहा है कि अगर AI इंसानी भाषा के साथ-साथ प्रकृति के नियमों को भी समझने लगे, तो विज्ञान कितनी तेजी से आगे बढ़ सकता है।
